रमते रमते
खेल खेल में
सब कुछ खोना
अच्छा लगता है
डरता हूँ
असली ज़िन्दगी के खेल में
रमते रमते रम्मत में
कोई धोखे से पटखनी नही दे दे
बस इसी बहाने
आजकल
जब भी किसी से मिलता हु
कोशिश करता हु
कुछ देर
नज़र से नज़र मिला के
हम ख्याल हो जाऊं।।
-अविनाश जोशी
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